_________ सीएम योगी आदित्यनाथ को भेजा पत्र सिंचाई, बेसिक शिक्षा समेत अन्य विभागों में रिक्त पदों पर तत्काल भर्ती करने का उठाया मुद्दा …!!
________ रोजगार अधिकार अभियान संवाद व जनसंपर्क जारी ..!!
प्रयागराज / उत्तर प्रदेश
सीएम योगी आदित्यनाथ के एक्स हैंडल पर पोस्ट कर प्रदेश में रिक्त पदों को तत्काल भरने और बेरोज़गारी की समस्या हल करने के लिए ठोस कदम उठाए जाने का मुद्दा उठाया गया है। इसके अलावा ईमेल पर भेजे गए पत्र में सिंचाई एवं जल संसाधन विभाग में 76347 सृजित पदों में से 36341 पद रिक्त पड़े हुए पदों को भरने की मांग की गई है।
रोजगार अधिकार अभियान के कोआर्डिनेटर राजेश सचान की ओर से जारी बयान में कहा गया है कि युवा मंच के बैनर तले अभ्यर्थियों द्वारा सिंचाई व जल संसाधन विभाग में रिक्त पदों खासकर ट्यूबवेल आपरेटर के रिक्त पदों को भरने के सवाल पर विगत 3 वर्षों से आवाज उठाई जा रही है । इस दौरान सिंचाई व जल संसाधन विभाग के मंत्री समेत आलाधिकारियों ने हर बार यह दोहराया कि नलकूप प्रभारी (समूह ‘ग’ ) नियमावली 2021 के प्रख्यापन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है और जैसे ही नियमावली बन जाएगी रिक्त पदों को तत्काल विज्ञापित किया जाएगा।
पिछले दिनों विधान परिषद में लिखित जवाब में मंत्री द्वारा पुनः इसे दोहराया गया कि नलकूप प्रभारी (समूह ‘ग’ ) नियमावली 2021 के प्रख्यापन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। यह भी जानकारी दी गई कि 2016 के बाद नलकूप आपरेटर के रिक्त पदों को भरने के लिए वैकेंसी नहीं निकाली गई है। करीब 4 वर्षों की समयावधि में नियमावली तैयार न होना और 2016 के उपरांत नलकूप आपरेटर के रिक्त पदों को भरने के लिए विज्ञापन जारी न किया जाना बेहद चिंताजनक है।
इसी तरह विगत 6 वर्षों से परिषदीय विद्यालयों और राजकीय माध्यमिक विद्यालयों में एलटी शिक्षकों के लिए भी युवाओं ने अनवरत आवाज उठाई है। करीब हर विभाग में यही हाल है और औसतन 40 फीसदी से ज्यादा पदों के रिक्त होने का आकलन है।
पत्र प्रेषित करने के अलावा प्रयागराज में युवाओं व नागरिकों से संवाद व जनसंपर्क भी किया गया। बताया कि रोजगार अधिकार अभियान राष्ट्रीय स्तर पर संचालित किया जा रहा है जिसमें प्रमुख रूप से शिक्षा स्वास्थ्य व रोजगार की गारंटी करने, हर व्यक्ति के सम्मानजनक जीवन की गारंटी और देश को एक करोड़ रिक्त पदों पर तत्काल पारदर्शिता के साथ भर्ती और कारपोरेट्स व सुपर रिच की संपत्ति पर समुचित टैक्स लगाने जैसे सवालों को उठाया जा रहा है!!
