____ खेती-किसानी, संविधान को बचाने के लिए एकजुट हों..!!
____ कृषि भूमि की अंधाधुंध खुली हडप नीति, खाद की किल्लत स्मार्ट मीटर, ग्रामीण क्षेत्र में बिजली की कटौती से जनता ग्रस्त…!!
इटावा / उत्तर प्रदेश ..!!
डबल इंजन सरकारों की गलत नीतियों के कारण खेती- किसानी का संकट दिनोदिन गहराता जा रहा है। एमएसपी पर फसलों की खरीद न होने, भूमि की अंधाधुंध खुली हडप नीति, खाद की किल्लत स्मार्ट मीटर, ग्रामीण क्षेत्र में बिजली की कटौती से जनता त्रस्त है। गांव सभा और सरकारी भूमि पर मुददत से वासिंदों के घरों को बुलडोजर से उजाडा जा रहा है। अब तो योगी संरकार ने गांव सभा की भूमि को देशी-विदेशी कम्पनियो को फ्री फंड में देने का एलान कर दिया है, जबकि गांव सभा की भूमि भूमिहीनो- दलितों,गरीबों-कमजोर वर्ग एवं सामान्य लोगो को कृषि एवं आवास के लिए दी जाती रही है, कानून भी यही कहता है..!!
■किसान सभा के राष्ट्रीय संयुक्त मंत्री एवं प्रांतीय महामंत्री मुकुट सिंह ने यासीनगर-खडकौली में किसानो के क्षेत्रीय सम्मेलन का उदघाटन करते हुए उक्त बातें कहीं..!!
■मुकुट सिंह ने आगे कहा कि मोदी-योगी सरकारें बडे पूंजीपतियो, कारपोरेटस के लिए समर्पित है। संविधान, जनतंत्र उसकी आंखो की किरकिरी बन रहा है। उसको ही बदलने पर आमादा है। अब तो बडे पैमाने पर उसकी वोटो की चोरी भी पकडी गई है। हर मोर्चे पर फेल मोदी योगी सरकारें जन आक्रोश से घिर गयीं हैं। ध्यान हटाने के लिए नफरत की राजनीति कर साम्प्रदायक ध्रुवीकरण का अंतिम अस्त्र प्रयोग करने पर जुटी है। किसानो-मजदूरो, आम लोगो को एकजुट होकर इसका मुकाबला करना होगा। तभी रोजी-रोटी, संविधान, जनतंत्र और वोट के अधिकार की रक्षा हो सकती है..!!
●सीटू के प्रांतीय नेता अमर सिंह शाक्य ने कहा कि मंहगाई, बेरोजगारी चरम पर है। डबल इंजन सरकार बहरी हो गई है। ग्रामीण क्षेत्र में स्वास्थय, शिक्षा और विकास के काम चैपट और भ्रष्टाचार में समा रहे हैं। आशा-रसोइया कर्मचारी बडी मेहनत से जनता की सेवा करती है किंतु उनके साथ सरकार अन्याय कर रही है…!!
●किसान सभा के जिलामंत्री संतोष शाक्य ने बताया कि हम पूरे जिले में किसान सभा की गांव कमेटियों और क्षेत्रीय कमेटियो के सम्मेलन कर 5-6 अक्टूवर को नगला बरी में जिला सम्मेलन आयोजित करेगें। इस मौके पर 5 अक्टूवर को विशाल किसान पंचायत की जायेगी।
कामरेड सीताराम येचुरी एवं केरल के पूर्व मृख्यमंत्री अच्युत्यानंदन को श्रृद्वांजली और उनके चित्रो पर पुष्प अर्पित किये गये। अध्यक्षता छविनाथ शाक्य ने की। झंण्डा व्योवृद्व दयाराम शाक्य ने फहराया।
